कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी का दावा: ब्रिटेन में पहली बार खिला दुर्लभ मूनफ्लावर दो घंटे बाद मुरझाया; फूल खिलने की पूरी प्रक्रिया को किया रिकॉर्ड

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2 घंटे पहले

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  • एक्सपर्ट के मुताबिक, यह फूल खासतौर पर अमेजन के वर्षावनों में पाया जाता है

ब्रिटेन में पहली बार दुर्लभ मूनफ्लावर खिला है। इसे अमेजोनियन कैक्टस कहते हैं। ब्रिटेन में ऐसा एकमात्र पौधा है। रात में खिलने के कारण इसे मूनफ्लावर के नाम से भी जाना जाता है। कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी में बोटेनिक गार्डन के एक्सपर्ट ने इस फूल के खिलने की प्रक्रिया को रिकॉर्ड किया है। एक्सपर्ट्स ने फूल खिलने की लाइव स्ट्रीमिंग की, जो सूर्यास्त से सूर्योदय तक 12 घंटे चली।

फोटो में देखिए इसके खिलने और मुरझाने की प्रक्रिया

सूर्यास्त से खिला 28 सेंटीमीटर का फूल
कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी के एक्सपर्ट्स का कहना है, इस पौधे का वैज्ञानिक नाम सेलेनिसेरस विट्टी है। यह सूर्यास्त के बाद खिलना शुरु होता है और सूर्योदय तक तक पूरी तरह खिल जाता है। ब्रिटेन में भी यह शनिवार दोपहर के बाद खिलना शुरू हुआ। इसकी लम्बाई 28 सेंटीमीटर थी।

खिलने के दो घंटे बाद मुरझाने लगता है
फूल खिलने पर खास तरह की सुगंध आती है। यह खुशबू सिर्फ दो घंटे तक ही रहती है क्योंकि फूल खिलने के दो घंटे बाद ही यह मुरझाने लगता है। एक्सपर्ट के मुताबिक, यह फूल खासतौर पर अमेजन के वर्षावनों में पाया जाता है।

दुनिया में मात्र 13 गार्डन में यह पौधा

मूनफ्लावर तने के किनारे लिपटते हुए बढ़ता है। दुनियाभर के मात्र 13 बोटेनिक गार्डन में इसमें पौधे हैं। ब्रिटेन में बोटेनिक गार्डन के सुपरवाइजर एलेक्स समर्स कहते हैं, इस फूल को यहां खिलते देखकर काफी खुशी मिली। यह दुर्लभ पौधा हमारे कलेक्शन का हिस्सा है। ब्रिटेन में ऐसा पहली बार हुआ है। नवंबर में मैंने देखा कि तने के पास से एक बेल जैसी संरचना निकली। यह बेल 12 फीट ऊंचाई तक ऊपर बढ़ी।

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